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अडालज बावली, अहमदाबाद
अडालज बावली, अहमदाबाद
आमेर किला, जयपुर
आमेर किला, जयपुर
कच्छ की कढ़ाई (गुजरात)
कच्छ की कढ़ाई (गुजरात)
कच्छ मिट्टी का काम, गुजरात की पारंपरिक कला
कच्छ मिट्टी का काम, गुजरात की पारंपरिक कला
कठपुतली कला, राजस्थान की एक लोक परंपरा
कठपुतली कला, राजस्थान की एक लोक परंपरा
करशा मठ, लद्दाख
करशा मठ, लद्दाख
कांथा कढ़ाई, बंगाल
कांथा कढ़ाई, बंगाल
कालबेलिया, राजस्थान का पारंपरिक लोक नृत्य
कालबेलिया, राजस्थान का पारंपरिक लोक नृत्य
कुचीपुड़ी, भारत की एक शास्त्रीय नृत्य शैली
कुचीपुड़ी, भारत की एक शास्त्रीय नृत्य शैली
केरल की एक नृत्य शैली, कथकली
केरल की एक नृत्य शैली, कथकली
छम, मुखौटा नृत्य, लद्दाख
छम, मुखौटा नृत्य, लद्दाख
डमरू, एक छोटा दो सिर वाला ढोल
डमरू, एक छोटा दो सिर वाला ढोल
दत्तपारा नवरत्न मंदिर, जॉयपुर, पश्चिम बंगाल
दत्तपारा नवरत्न मंदिर, जॉयपुर, पश्चिम बंगाल
निर्माण के दौरान सचिवालय भवनों का दृश्य, नई दिल्ली
निर्माण के दौरान सचिवालय भवनों का दृश्य, नई दिल्ली
नीलगिरि पर्वत रेलवे
नीलगिरि पर्वत रेलवे
नुब्रा घाटी, लेह, में मैत्रेय बुद्ध की प्रतिमा
नुब्रा घाटी, लेह, में मैत्रेय बुद्ध की प्रतिमा
पंचरथ, महाबलीपुरम
पंचरथ, महाबलीपुरम
पट्टचित्र, ओडिशा की पारंपरिक चित्रकला
पट्टचित्र, ओडिशा की पारंपरिक चित्रकला
पारंपरिक अंगामी नाग उत्सव
पारंपरिक अंगामी नाग उत्सव
पुंग ढोल चोलम, मणिपुर
पुंग ढोल चोलम, मणिपुर
फूलों की रंगोली
फूलों की रंगोली
बीन, एक वाद्य यंत्र बजाते हुए संगीतकार
बीन, एक वाद्य यंत्र बजाते हुए संगीतकार
बेसिलिका ऑफ़ बॉम जीसस, गोवा
बेसिलिका ऑफ़ बॉम जीसस, गोवा
बौद्ध पंथियों का तांत्रिक मंडल
बौद्ध पंथियों का तांत्रिक मंडल
भांगड़ा, पंजाब का एक लोक नृत्य
भांगड़ा, पंजाब का एक लोक नृत्य
भारत की एक प्राचीन पांडुलिपि
भारत की एक प्राचीन पांडुलिपि
मणिपुरी भोजन
मणिपुरी भोजन
मार्कंडेय पुराण पांडुलिपि
मार्कंडेय पुराण पांडुलिपि
मिथिला चित्रकला, बिहार
मिथिला चित्रकला, बिहार
रंगों का त्योहार होली
रंगों का त्योहार होली
रथ का पहिया, सूर्य मंदिर, कोणार्क
रथ का पहिया, सूर्य मंदिर, कोणार्क
राष्ट्रीय अभिलेखागार पुस्तकालय
राष्ट्रीय अभिलेखागार पुस्तकालय
रुद्र वीणा, एक शास्त्रीय तार वाद्य यंत्र
रुद्र वीणा, एक शास्त्रीय तार वाद्य यंत्र
वाराणसी में गंगा आरती
वाराणसी में गंगा आरती
विजय विट्ठल मंदिर, हम्पी
विजय विट्ठल मंदिर, हम्पी
शाक्यमुनि बुद्ध की मूर्तिकला
शाक्यमुनि बुद्ध की मूर्ति

स्वतंत्रता आंदोलन का संग्रह

freedom

 

क्या आप जानते हैं ?

09 दिसंबर रानी ताराबाई (1675-1761)

1675 में जन्मी रानी ताराबाई छत्रपति राजाराम भोसले की पत्नी और मराठा साम्राज्य के संस्थापक महान छत्रपति शिवाजी महाराज की पुत्रवधू थीं। युवा उम्र से ही स्वतंत्र प्रवृत्ति की धनी ताराबाई तलवारबाज़ी, तीरंदाज़ी, अश्वारोही सेना, सैन्य रणनीति और कूटनीति में प्रशिक्षित थीं। एक स्थिर और रणनीतिक नेतृत्व की आवश्यकता महसूस करते हुए, रानी ताराबाई ने सन् 1700 में अपने पति राजाराम (शिवाजी के दूसरे बेटे) की मृत्यु के एक महीने बाद सिंहासन संभाल लिया। अपने सात साल के शासनकाल में, रानी ताराबाई ने अकेले दम पर, औरंगजेब की विशाल सेना के विरुद्ध, जिसे उस समय का सबसे शक्तिशाली शासक माना जाता था, मराठा प्रतिरोध का नेतृत्व किया। एक अदम्य योद्धा रानी ताराबाई अपने राज्य के लिए पूर्ण रूप से समर्पित थीं, और उन्होंने मराठा साम्राज्य के उत्थान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। वे भारतीय इतिहास में मौजूद सबसे दृढ़ चरित्रों में से एक हैं और उनके दृढ़ स्वभाव के कारण उनकी तुलना अक्सर झाँसी की रानी लक्ष्मी बाई से की जाती रही है। कहा जाता है कि रानी ताराबाई का निधन 09 दिसंबर 1761 को हुआ था।

09 दिसंबर रानी ताराबाई (1675-1761)

कहानियाँ

The Padmanabhaswamy Temple and the Royal Family of Travancore
भगवान पद्मनाभ और उनके दास

यह कहानी पद्मनाभस्वामी मंदिर और उससे जुड़े त्रावणकोर के शाही परिवार के इतिहास का वर्णन करती है।

The Jagannath Temple Puri
जगन्नाथ मंदिर, पुरी

पुरी का जगन्नाथ मंदिर हिंदू धर्म से संबंधित 'चार धामों' में से एक है। यह भगवान जगन्नाथ, देवी सुभद्रा और भगवान बलभद्र को समर्पित है।

Delhi Durbars
दिल्ली दरबार

दिल्ली दरबार भारत के वाइसरॉयों द्वारा ब्रिटेन के सम्राटों या साम्राज्ञियों के राज्याभिषेक के अवसरों पर आयोजित किए जाने वाले भव्य कार्यक्रम थे। इसलिए, ये कॉरोनेशन दरबार के रूप में भी जाने जाते थे।

Simla
शिमला- ब्रिटिश भारत की ग्रीष्मकालीन राजधानी

अपने देश से बहुत दूर, अंग्रेज़ों ने हिमालय की तलहटी में एक ‘छोटे इंग्लैंड’ का निर्माण किया। शिमला को गुमनामी के अँधेरे से निकालकर, इंग्लैंड के सबसे बड़े उपनिवेशों में से एक, भारत, की ग्रीष्मकालीन राजधानी बनाया गया।

The Life of Sanchi Monument: The Story of its Rediscovery and Return
साँची स्मारक- एक पुनर्खोज

यह कहानी 19वीं शताब्दी की शुरुआत में ब्रिटिश औपनिवेशिक अधिकारियों द्वारा, साँची स्मारक की खोज के समय से इसके इतिहास का वर्णन करती है।

‘THE STAIN OF INDIGO’ AND GANDHI’S SATYAGRAHA IN CHAMPARAN
चंपारण में गांधी जी का सत्याग्रह

यह कहानी चंपारण में नील की खेती की अत्याचारी ‘तिनकठिया’ प्रणाली और किसानों की मदद के लिए गांधीजी के द्वारा किए गए सत्याग्रह का वर्णन करती है।

INDIGO CULTIVATION AND REVOLT IN BENGAL
बंगाल का नील विद्रोह

यह कहानी बंगाल में नील की खेती की व्यवस्था, भारतीय किसानों के शोषण और दमनकारी यूरोपीय बागान-मालिकों के खिलाफ़ उनके विद्रोह से संबंधित है।

 Begum Hazrat Mahal: The Revolutionary Queen of Awadh
बेगम हज़रत महल- अवध की क्रांतिकारी रानी

बेगम हज़रत महल उन कुछ महिलाओं में से एक थीं, जिन्होंने 1857 के विद्रोह के दौरान अंग्रेज़ों को चुनौती दी थी।

Delhi: Imperial Capital of British India
दिल्ली- ब्रिटिश भारत की राजधानी

यह कहानी उन परिस्थितियों के बारे में बात करती है जिनके आसपास दिल्ली को सन् 1911 में तत्कालीन भारत की राजधानी के रूप में चुना गया था, और इसमें वास्तुकारों एडवर्ड लुटियन और हर्बर्ट बेकर ने क्या भूमिका निभाई थी।

Jallianwala Bagh Massacre
जलियाँवाला बाग नरसंहार

जलियाँवाला बाग नरसंहार 13 अप्रैल, 1919 को घटित हुआ था। इस दिन अमृतसर के बीचों-बीच एक वरिष्ठ ब्रिटिश सैन्य अधिकारी, जनरल डायर के आदेश पर सैकड़ों निहत्थे भारतीयों की हत्या की गई थी।

कोह-ए-नूर
कोह-ए-नूर

कोह-ए-नूर दुनिया में सबसे अधिक प्रसिद्ध रत्नों में से एक है। इसे 1839 में हस्ताक्षरित लाहौर की अंतिम संधि की शर्तों के तहत भारत से ले लिया गया था। अंग्रेज़ों द्वारा इसे काटने और तराशने के बाद, अब इसका वजन 105.6 कैरेट है।

Bahadur Shah Zafar
बहादुर शाह ज़फ़र

मुगल साम्राज्य के अंतिम सम्राट और भारत के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम का एक जाना-माना चेहरा।

Karva Chauth
करवा चौथ

करवा चौथ विवाहित हिंदू महिलाओं द्वारा प्रतिवर्ष मनाया जाने वाला एक त्योहार है जिसमें वे सूर्योदय से लेकर चंद्रोदय तक का व्रत रखती हैं और अपने पतियों की सलामती की प्रार्थना करती हैं।

Jagannath - Rath Yatra
पुरी रथ यात्रा

रथ यात्रा (चैरियट फेस्टिवल), पुरी में जगन्नाथ मंदिर में मनाए जाने वाले भव्य त्योहारों में से एक है। इसमें भगवान जगन्नाथ की, अपने भाई-बहन बालभद्र और सुभद्रा, के साथ उनकी मौसी के घर, गुंडीचा, जाने की वार्षिक यात्रा का उत्सव मनाया जाता है।

दारा शिकोह
दारा शिकोह

यह कहानी बादशाह शाहजहाँ के बाद, मुगल सिंहासन के उत्तराधिकारी, दारा शिकोह के जीवन और आध्यात्मिक झुकाव का वर्णन करती है। उनका अपने भाई औरंगज़ेब के विरुद्ध, उत्तराधिकार पाने के खूनी युद्ध में दुखद अंत हुआ।

बाली यात्रा
बाली यात्रा

ओडिशा के समृद्ध समुद्री इतिहास को याद करने वाला त्योहार बाली यात्रा पूरे राज्य में मनाया जाता है। ऐतिहासिक शहर कटक में, कार्तिक पूर्णिमा के दिन से एक सप्ताह तक चलने वाला कार्यक्रम आयोजित किया जाता है।

आत्मीय शिवसागर
जीवंत शिवसागर

पूर्वी असम में सिवसागर एक ऐतिहासिक और सांस्कृतिक रूप से महत्वपूर्ण शहर है, जो प्रकृति की सुंदरता को भी प्रदर्शित करता है। यह अहोम राजाओं की राजधानी थी और यहाँ उस युग के महत्वपूर्ण स्मारक हैं।

bithoor
बिठूर, उत्तर प्रदेश

उत्तर प्रदेश के कानपुर के पास गंगा नदी के किनारे बसा बिठूर नामक एक छोटा सा शहर महान धार्मिक एवं ऐतिहासिक महत्व का स्थान है।

भोपाल की बेगमें: 107 वर्षों का स्वर्णिम शासनकाल
भोपाल की बेगमें - 107 वर्षों का स्वर्णिम शासनकाल

उन चार रानियों के दिलचस्प इतिहास में कदम रखिए जिन्होंने एक के बाद भोपाल पर राज्य किया था। भोपाल की बेगमें सुयोग्य शासक मानी जाती थीं क्योंकि उन्होंने भोपाल शहर को पुनः परिभाषित किया और अंग्रेज़ों के साथ सम्मानजनक संबंध बनाए रखे।

संत कबीर दास जी का जीवन
संत कबीर दास जी का जीवन

15वीं शताब्दी के एक कवि-संत की कहानी जिनके सामाजिक और आध्यात्मिक विचार उनकी कविताओं के माध्यम से अभिव्यकत होते थे और आज भी वे प्रेरणा का एक स्रोत हैं।

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दार्जिलिंग हिमालयन रेलवे- एक ऐतिहासिक यात्रा

यह कहानी इंजीनियरिंग की एक बेमिसाल संरचना, दार्जिलिंग हिमालयन रेलवे की योजना और इतिहास का वर्णन करती है।

The Granite Marvel; Brihadeswara Temple
दक्षिण मेरु: बृहदेश्वर मंदिर

यह कहानी दुनिया के पहले पूर्ण रूप से ग्रेनाइट से निर्मित मंदिर, तंजावुर के बृहदेश्वर मंदिर पर आधारित है। राजराजा चोल प्रथम का गौरव, लगभग 1000 साल पहले निर्मित यह मंदिर, वास्तुकला में सटीकता और समरूपता का सबसे अच्छा उदाहरण है।

सादिर अट्टम से भरतनाट्यम तक
सादिर अट्टम से भरतनाट्यम तक

यह कहानी तमिलनाडु की देवदासी प्रथा और भरतनाट्यम नृत्य कला के विकास पर केंद्रित है जिसे पहले सादिर अट्टम के नाम से जाना जाता था।

Bombay – The Joining of the Seven Islands (1668-1838)
बॉम्बे - सात द्वीपों के समूह का संयोग (1668-1838)

यह कहानी इस बारे में है कि कैसे 17वीं शताब्दी में 7 द्वीपों के एक समूह को एक साथ जोड़कर मुंबई के द्वीप शहर का निर्माण किया गया। यह कहानी बम्बई सरकार और लंदन में ईस्ट इंडिया कंपनी के निदेशकों के बीच हुई बातचीत का वर्णन करती है जिसने इस शहर को आकार दिया।

Temples Of Khajuraho
खजुराहो मंदिर

यह कहानी खजुराहो के मंदिरों की वास्तुकला का विस्तृत वर्णन करती है। यह खजुराहो में मंदिरों के तीन प्रमुख समूहों- पश्चिमी, पूर्वी और दक्षिणी- में शामिल विभिन्न व्यक्तिगत संरचनाओं के अभिन्यास और कला पर विस्तृत जानकारी प्रदान करती है।

durga
दुर्गा पूजा

दुर्गा पूजा पर यह कहानी इस भव्य उत्सव के इर्द-गिर्द घूमती ज़िंदगी का अन्वेषण करती है। पौराणिक कथाओं से लेकर मूर्ति निर्माण और पंडाल निर्माण तक, यह कहानी आपको माँ दुर्गा को समर्पित इस पर्व के बारे में बताती है।

Parsi Theatre in Bombay
बम्बई की पारसी नाट्यकला

यह कहानी 19वीं सदी से मुंबई में पारसी नाट्यकला के इतिहास के बारे में बताती है। यह नाटकों के मंचन से जुड़े लोगों और प्रतिष्ठित संरचनाओं के बारे में भी बात करती है।

Cave Temples of Mumbai - A Slice of the City’s Past
मुंबई के गुफ़ा मंदिर - शहर के अतीत का एक अंश

यह कहानी उन गुफ़ा मंदिरों के बारे में बताती है जो वर्तमान में मुंबई, महाराष्ट्र, के व्यस्त उपनगरों में स्थित हैं। यह इस क्षेत्र में बौद्ध धर्म और हिंदू धर्म के प्रसार का विवरण देती है जिससे इस शहर की प्राचीनता दूसरी शताब्दी ईसा पूर्व तक जाती है।

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सर आशुतोष मुखर्जी

I will tell the Viceroy and the Governor-General of India that Ashutosh Mukherjee refuses to be commanded by any other person except his mother, be he Viceroy or somebody higher still

संस्कृति मंत्रालय की संस्थाएँ